शारदीय नवरात्रि घटस्थापना मुहूर्त

शारदीय नवरात्रि
दिनांक 26 /09/2022
घटस्थापना मुहूर्त
प्रातः
06:11 से
07:41 तक
09:11 से
10:42 तक

शारदीय नवरात्रि पूजा कार्यक्रम सूची

1) प्रातः 6:00 बजे से 8:00 बजे तक

कृषि मंत्री माननीय श्री लालचंद कटारिया जी के हाथों से नवरात्रि स्थापना ।

2) श्री पवन शर्मा जी ,, श्री राम प्रसाद गुप्ता जी,, चोमू उप सरपंच श्रीमान शीशराम जी ,,

3)बिसलेरी वोटर थोक विक्रेता श्रीमान आकाश जी

4) कोलकाता से मेरे प्रिय यजमान निताई गोपाल जी

5) ऑस्ट्रेलिया से मेरे प्रिय यजमान लक्ष्मी नारायण चक्रबोर्ती जी

सभी हरि वैष्णव जन को भगवती राजराजेश्वरी मां दुर्गा का आशीर्वाद सभी भक्तजनों को प्रदान करेंगे

सदगुरुदेव भगवान की जय

पंडित गोविंद दास @mohitmudgal1998 Contact ,,,,,, Official Facebook Page : Govats Pandit Mohit Mudgal ji Maharaj

सभी हरि वैष्णव जन से निवेदन है अपने स्तर पर जितना हो सकता हैं उतना प्रयास कीजिए गौमाता के लिए ( गौमाता को सेनिटाइज करवाया जा रहा हैं,, भोजन की व्यवस्था करी जा रही हैं । ( अंतिम संस्कार के लिए हमारे रघुपति दास प्रभु जी साथ दे रहे हैं। आप सभी से भी अनुरोध हैं जितनी हो सकती हैं उतनी गौसेवा करे। धन सबके पास हैं परंतु इसके लिए हमारे अंदर भाव होना चाहिए । सिर्फ़ अपने सुख के लिए धन को काम में लेना बिल्कुल सही नही हैं,, सभी के साथ मिलकर उसका प्रयोग करना चाहिए।

प्रतिदिन हरिनाम संकीर्तन सेवा
@mohitmudgal1998 विश्व गौसेवा जागृति मिशन

जन रक्षा मंच संयोजक में भारतीय जनता पार्टी किसान मोर्चा के पूर्व राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य एवं सप्त ऋषि मंडल के अध्यक्ष श्रीमान सुनील जी को मैं तहे दिल से साधुवाद करता हूं ।

आओ आप सभी हरि वैष्णव जन कदम से कदम बढ़ाए और इस मुश्किल की घड़ी में अपने मानवता का परिचय देवे ।

1) बेसहारा गौ माता के लिए एंबुलेंस की सुविधा।

2) जयपुर के आसपास क्षेत्र में अगर गौमाता में लंपी बीमारी के लक्षण दिखे तो अपना एड्रेस और गौ माता की फोटो हमें भेजें ।


3) आसपास के क्षेत्र में अगर बीमारी ज्यादा बढ़ गई हैं, तो सैनिटाइज करवाया जाएगा ।

इस नेक काम के लिए हमारे प्रिय यजमान श्री आशु सिंह जी सुरपुरा सामने आए हैं, जिन्होंने पूरे जयपुर को संभाल लिया हैं।

आओ आप सभी हरि वैष्णव जन कदम से कदम बढ़ाए और इस मुश्किल की घड़ी में अपने मानवता का परिचय देवे ।

गौमाता में आई लंपी बीमारी में ईलाज ना होने के कारण 15 सितंबर 2022 को राजस्थान बंद रहेगा ।।

गोवत्स पंडित मोहित मुद्गल जी महाराज

एवं सभी हरि वैष्णव जन मिलकर करेंगे सरकार से अपील ।।

ज्योतिष पीठाधीश्वर एवं द्वारका शारदा पीठाधीश्वर जगदगुरु शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती जी महाराज का ब्रह्मलीन होना वैदिक हिंदू सनातन संस्कृति के लिए अपूणीऺय क्षति हैं।

भाव पूर्वक श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं

गोवत्स पंडित मोहित मुदगल जी महाराज

जय श्री कृष्ण परम पूज्य श्री इंद्रेश जी महाराज को आज राजस्थानी पाग पहनाकर महाराज श्री को सम्मानित किया एवं महाराज जी का आशीर्वाद प्राप्त किया । इस सभी कार्यक्रम के लिए मैं महाराज श्री के जीजा जी श्रीमान अमित शर्मा जी को हृदय से धन्यवाद देता हूं। प्रतिदिन हरिनाम संकीर्तन सेवा विश्व गौ सेवा जागृति मिशन

जय श्री कृष्णश्री राधा रमण जी के कृपा से और पूज्य सद्गुरुदेव भगवान की कृपा से परम पूज्य श्री इंद्रेश जी महाराज से घंटों भगवान की लीलाओं पर चर्चा हुई एवं महाराज श्री का आशीर्वाद दास को प्राप्त हुआ । प्रतिदिन हरिनाम संकीर्तन सेवा विश्व गौसेवा सेवा जागृति मिशन

जय श्री कृष्णश्री राधा रमण जी के कृपा से और पूज्य सद्गुरुदेव भगवान की कृपा से परम पूज्य श्री इंद्रेश जी महाराज से घंटों भगवान की लीलाओं पर चर्चा हुई एवं महाराज श्री का आशीर्वाद दास को प्राप्त हुआ । प्रतिदिन हरिनाम संकीर्तन सेवा विश्व गौसेवा सेवा जागृति मिशन

सभी हरि वैष्णव जन को गणेश चतुर्थी की बहुत बहुत बधाई।

जय श्री कृष्ण
सभी हरि वैष्णव जन को गणेश चतुर्थी की बहुत-बहुत मंगलकामनाएं।



आप सभी हरि वैष्णव जन आज रिद्धि सिद्धि के दाता गणेश जी महाराज की पूजा अर्चना करें और एक विनम्र निवेदन हैं, की आप हर साल की भांति इस साल भी गणेश जी महाराज को अपने घर लेकर आते हैं और उनकी पूजा अर्चना करते हैं। तो भैया गणेश जी को लाने की आवश्यकता ही नहीं हैं, वह तो पहले ही आपके घर में विराजमान हैं। अगर लाते हैं, तो आपका भाव हैं,घर लाने के बाद सिर्फ गणेश चतुर्थी के दिन ही नहीं प्रतिदिन उनकी सेवा करें। बहुत सारे लोग खुशी – खुशी में ले तो आते हैं, फिर 10 दिन बाद उनको पीपल के पेड़ पर बिठा देते हैं। ऐसा क्यों करते हो जिस भगवान की इतनी पूजा अर्चना की और गणेश चतुर्थी के बाद उनको पीपल के पेड़ पर बिठा दिया, तो कृपया अपने धर्म का मजाक ना उड़ावे कोई भी देवता को पहले घर में लाते हैं , फिर बाद में पीपल के पेड़ के नीचे बैठा देते हैं। नवरात्रि के अंदर माताजी को घर में लाते हैं फिर 9 दिन के बाद में पीपल के पेड़ पर बिठा देते हैं अरे भैया आपने पीपल के पेड़ को समझ क्या रखा है?
पीपल का पेड़ साक्षात भगवान श्रीकृष्ण हैं,
परंतु कोई भी अनावश्यक वस्तु हो उसको जाकर पीपल के पेड़ पर बिठा देते हो, कितना बुरा लगता है, इसका परंतु एक आदमी जैसा कर रहा है, वैसा ही सबको करना हैं। एक तो आप लोग हैं, जो पीपल पर किसी भी देवता को बिठा देते हैं। और क्या अधिक कहूं कुछ लोग ऐसे देखे मैंने जो विवाह संपन्न होने के बाद में अपनी पत्रिका भी पीपल में चढ़ा देते हैं। और एक हमारे भक्त मेहता नरसी जी हैं, जो सर्वप्रथम मायरो री कुमकुमं पत्रिका पीपल के पेड़ पर अर्पित करते हैं, क्योंकि उनका भाव था कि यह पीपल का पेड़ नहीं साक्षात भगवान
श्री कृष्ण हैं।
अगर आपको मूर्ति बनानी हैं, तो आप गोमय से मूर्ति बनाएं और पूजा संपन्न होने के बाद पीपल के पेड़ में ना बिठाकर उसे किसी जल में रख देंवे और फिर उस जल को अगर आप पीपल के पेड़ पर चढ़ाएंगे तो पीपल के पेड़ को भी पुष्टि मिलेगी। ऐसा करना भी आपकी भक्ति में एक नंबर बढ़ा देगा । देखा जाए तो इतनी बड़ी विशाल मूर्ति बनाने की आवश्यकता ही नहीं हैं, परंतु  यह हमने भगवान की मूर्ति नहीं हमारे अहंकार की मूर्ति बनाई हैं।
हमें पता हैं, हमारी इस बात का आप लोगों पर कोई असर नहीं पड़ेगा। परंतु हमारा सिर्फ कहने का कार्य हैं, जिस प्रकार घर में पिता पुत्र को संबोधित करते हुए कोई कार्य बताते हैं, और यदि उस कार्य को पुत्र नहीं करें तो पिता का सिर्फ कहने का कार्य था। जो उन्होंने कर दिया इसी प्रकार अगर आप लोग करें तो हमारा सनातन धर्म और मजबूत बनेगा, और लोगों को प्रेरणा मिलेगी। जिससे हम गलत मार्ग पर जा रहे हैं। उसे हम सही कर सकेंगे परंतु सबको जागृत होना पड़ेगा ।

परम पूज्य गोवत्स
श्री राधाकृष्ण जी महाराज के शिष्य

गोवत्स श्री मोहित मुदगल जी महाराज 

प्रतिदिन हरि नाम संकीर्तन सेवा
विश्व गौ सेवा
जागृति मिशन